देवी आराधना का पर्व शारदीय नवरात्र प्रारंभ इस बार दस दिन तक होगी देवी मां की पूजा

देवी आराधना का पर्व शारदीय नवरात्र प्रारंभ
इस बार दस दिन तक होगी देवी मां की पूजा

जोधपुर। देवी आराधना का पर्व शारदीय नवरात्र मंगलवार से शुरू हो गया। शारदीय नवरात्र पर अभिजीत काल में घर-घर घट स्थापना की गई। इसके साथ ही राव जोधा द्वारा मेहरानगढ़ के पश्चिमी छोर पर स्थापित प्रतिहारों की कुल देवी चामुण्डा मंदिर में आसोजी नवरात्री का प्रारम्भ कुंभ स्थापना के साथ हुआ। अनेक स्थानों पर मां दुर्गा की प्रतिमाएं भी स्थापित की गई है। आज पहले ही दिन हजारों श्रद्धालुओं ने मेहरानगढ़ स्थित चामुण्डा माताजी के दर्शन किए। पूर्व नरेश गजसिंह उनकी धर्मपत्नी श्रीमती हेमलता राज्ये ने चामुण्डा मां की पूजा कर मारवाड़ की खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर राज परिवार के अनेक लोग मौजूद थे।
मेहरानगढ़ म्यूयिजम ट्रस्ट के निदेशक करणीसिंह जसोल ने बताया कि सप्तवर्ती पाठ का संकल्प और स्थापना का मुहूत्र्त प्रात: 11.15 से 12.15 के बीच था। इस अविध में राजपरिवार की इष्ट देवी मां चामुण्डा की पूजा अर्चना करने के लिए पूर्व महाराजा गजसिंह, पूर्व महारानी श्रीमती हेमलता राज्ये उपस्थित थी। इससे पूर्व घनश्याम त्रिवेदी ने ब्रह्म मुहूत्र्त में मां चामुण्डा, मां कालकाजी, मां सरस्वती एवं बच्छराजजी की मूर्तियों को पवित्र जल से स्नान करवाया और लाल रंग की कोर तुर्रियां लगी पोशाक धारण करवाई। प्रात: काल मंदिर के शिखर मुख्य और चारों दिशाओं में छोटी-छोटी ध्वजाएं चढ़ाई गई।
मेहरानगढ़ स्थित चामुंडा माता मंदिर पर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए सुबह 7 से शाम 5 बजे तक दर्शन के लिए प्रवेश दिया जा रहा है, उसके बाद प्रवेश निषेध रखा गया है। प्रतिदिन संध्या आरती शाम साढे पांच बजे होगी। जो दर्शनार्थी शाम 5 बजे तक प्रवेश कर लेंगे वे आरती में भाग ले सकेंगे। इस दौरान शराब साथ लाना, पीकर आना व डीजे साउण्ड सिस्टम के साथ दर्शनार्थियों का प्रवेश निषेध किया गया है। दर्शन के लिए महिला व पुरूष की अलग-अलग व्यवस्था, नारियल के लिए स्थान निर्धारित किया गया है।
दस दिन तक होंगे धार्मिक कार्यक्रम
चामुण्डा मंदिर के पास ‘उपासनालय’ कक्ष में नौ वेदपाठी ब्राह्मण स्थापना से महानवमी तक दुर्गापाठ का वाचन करेंगे। 21 अक्टूबर को अष्टमी की रात हवन प्रारंभ किया जाएगा जिसकी पूर्ण आहुति महानवमी 22 अक्टूबर को प्रात: 11.15 से 11.55 बजे के बीच में पूर्व नरेश गजसिंह एवं श्रीमती हेमलता राज्ये द्वारा की जाएगी। महानवमी 22 अक्टूबर को 12 से 12.15 से थापनाजी के उत्थापना का मुहूत्र्त एवं 12.15 से 12.30 के बीच गजसिंह की तिलक आरती होगी।
सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम
मेहरानगढ़ चामुण्डा मंदिर पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम किए है। यहां पर लगाए गए पुलिस बल में एक पुलिस उपायुक्त, दो अतिरिक्त उपायुक्त, पांच सहायक पुलिस आयुक्त, 6 निरीक्षक, 21 उपनिरीक्षक, 38 सहायक उप निरीक्षक, 577 कांस्टेबल सहित 623 पुलिसकर्मियों जाब्ता तैनात किया है। प्रवेश द्वार से निज मंदिर तक 23 स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों की भी व्यवस्था की गई हैं।